यदुवंशी टाइम्स न्यूज़ नेटवर्क
कुशीनगर आपदा के अवसर व तबाही में कमाई के लिए मशहूर बाढ़ खण्ड सिंचाई विभाग जिसकी इन दिनों खूब चर्चा हो रही है। बाढ़ खण्ड में सहायक अभियंताओं को स्थानांतरण के बाद भी आशासी अभियंता द्वारा निजि स्वार्थ की पूर्ति हेतु रोका जाना चर्चा का विषय बना हुआ है तैनाती के लिए अभियंताओं को पहले तो काफी एड़ी चोटी का जोर लगाना पड़ता है । यदि किसी को तैनाती मिल जाती है तो आसानी से यहां से कोई जाना नही चाहता ।

गौरतलब है कि श्रवण कुमार प्रियदर्शी सहायक अभियंता तृतीय बाढ़ खण्ड कुशीनगर का स्थानांतरण 06 जनवरी 2021 को शासन द्वारा स्थानांतरण गैर जनपद बाढ़ खण्ड बलिया कर दिया गया ये सहायक अभियंता अपनी ऊची रसूख और अधिशासी अभियंता से साठ गाठ के कारण एक वर्ष से अधिक समय बीत जाने के बाद भी बाढ़ खण्ड कुशीनगर मे जमे है। इस संदर्भ में अधिशासी अभियंता सिंचाई और जल संसाधन बाढ़ खंड कुशीनगर महेश प्रसाद से पूछा गया तो उन्होंने बताया कि स्थानीय जरूरतों को देखते हुए वह यहां बने हुए हैं। लेकिन उन्होंने इसके लिए कोई आधिकारिक जानकारी देने से इनकार किया । यह सोचने वाली बात है कि किस आधार पर एक वर्ष से अधिक समय तक स्थानांतरण पत्र जारी होने के बावजूद न ही रिलीव हुए और न ही बलिया कार्यभार ग्रहण किए।यह तो शासन के द्वारा जारी निर्देशों का खुलेआम उल्लंघन है
