▪️मुहल्ले वासियो के अनुसार व्यवसायी के निर्माणाधीन मकान पर चार साल पूर्व से बंधे बांस की बल्ली।
▪️जिला हॉस्पिटल लावारिस हालत में मजदूर के शव को पहुंचा कर मकान मालिक फरार।
▪️जमीन पर गिरने के बाद खून से लतफट घंटो फड़फड़ाता रहा मजदूर।
परमेश्वर यादव / शम्भूशरण मिश्र
कुशीनगर जनपद के पड़रौना कोतवाली थाना क्षेत्र के ओंकार वाटिका कालोनी निवासी एक गारमेंट व्यवसायी के
निर्माणाधीन मकान पर चार साल पूर्व से बंधे बांस की बल्ली के पैड पर कार्य कर रहे मजदूर की गिरने से मौत हो गई है। बताया जाता है कि गारमेंट व्यवसायी सुभाष चौक पुलिस चौकी पर खुद को समाजसेवी बता कर यह सूचना दिया कि मेरे दुकान के सामने एक व्यक्ति गिरा हुआ था जिसे इलाज के लिए जिला अस्पताल में पहुंचाया है। जबकि व्यवसायी की दुकान कोतवाली रोड पर है और घटना स्थल ओंकार वाटिका कालोनी की बताई जा रही है।

गौरतलब है कि शनिवार की सुबह एक मजदूर कोतवाली रोड स्थित रंगोली गारमेंट के मालिक सुभाष अग्रवाल के नगर के ओंकार वाटिका कालोनी में स्थित निर्माणाधीन बहुमंजिली मकान पर काम करने के लिए पहुंचा था। मुहल्ले वासियों के मुताबिक इस मकान के बाहरी हिस्से में चार वर्ष पूर्व बांस की बल्ली से बंधे पैड पर चढ़ कर बहुमंजिली मकान के पोर्च के सटरिंग को खोल रहा था कि इसी दरम्यान बांस की बल्ली टूट गई। जिससे मजदूर जमीन पर गिर कर खून से लतपथ फड़फड़ा रहा लेकिन मकान मालिक के घर से घंटों तक कोई नहीं पहुंचा। काफी देर बाद व्यवसायी सुभाष अग्रवाल मौके पर पहुंचे और मौके पर सड़क पर खून के निशान को बालू से ढक कर मजदूर का शव लेकर जिला अस्पताल पहुंचे जहां चिकित्सकों ने उसे मृत्यु घोषित कर दिया। उसके बाद मौके पर मौजूद व्यवसायी ने अपने को समाजसेवी बता कर जिला अस्पताल परिसर में स्थित पोस्टमार्टम हाउस मे मृतक के शव को सुपुर्द कर अपने दायित्वो को इतिश्री कर चलते बने हैं।

सुत्र बताते हैं कि नगर के सुभाष चौक पुलिस चौकी पर गारमेंट व्यवसायी सुभाष अग्रवाल ने खुद को समाजसेवी बताते हुए नई कहानी रची दी। ऐसी चर्चा है कि व्यवसायी ने पुलिस को बताया कि उक्त मजदूर दुकान के सामने गिरा हुआ था। समाजसेवी होने के नाते इलाज के लिए जिला अस्पताल पहुंचा दिया है। व्यवसायी तथा तथाकथित समाजसेवी ने पुलिस से मजदूर की मौत की सूचना छिपाते हुए कालर टाइट कर चलते बना। यहां बताना जरूरी है कि
व्यवसायी की दुकान कोतवाली रोड स्थित विद्या मार्केट में रंगोली गारमेंट के नाम है जबकि घटना सुभाष चौक पुलिस चौकी से लगभग सौ मीटर व एलआईयू आफिस के पीछे स्थित मकान की बताई जा रही है।
